रविवार का सदुपयोग-अंश : 165 वाँ 

रविवार का सदुपयोग – अंश : 165 वाँ रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 165 वाँ  2014 से 2025: विधायकों की संख्या 1035 से 1654 के साथ भाजपा की ऐतिहासिक बढ़त और ‘मोदी है तो मुमकिन है’ की साकार होती परिकल्पना उद्यमेन हि सिद्ध्यन्ति कार्याणि न मनोरथैः।न हि सुप्तस्य सिंहस्य प्रविशन्ति… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 165 वाँ 

रविवार का सदुपयोग-अंश : 164 वाँ 

रविवार का सदुपयोग –अंश : 164 वाँ रविवार का सदुपयोग  साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 164 वाँ  मोदी जी के विकास पथ पर बिहार का सशक्त जनादेश: एनडीए की ऐतिहासिक जीत बिहार की जनता ने एक बार फिर यह सिद्ध कर दिया कि जब राष्ट्र के विकास की बात आती है, जब… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 164 वाँ 

रविवार का सदुपयोग-अंश : 163 वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 163 वाँ रविवार का सदुपयोग  साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 163 वाँ  रफ्तार की रेस में पीछे छूट रही जिंदगी: सड़क सुरक्षा हम सबकी जिम्मेदारी आज का दौर रफ्तार का है। हर कोई जल्दी में है, हर कोई किसी गंतव्य तक सबसे पहले पहुंचना चाहता है।… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 163 वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 162 वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 162 वाँ रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 162 वाँ  विश्व विजय की ओर भारत की बेटियाँ : क्रिकेट विश्व कप फाइनल हेतु हार्दिक शुभकामनाएँ या देवी सर्वभूतेषु शक्तिरूपेण संस्थिता।नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः। जिस धरती पर नारी को शक्ति का स्वरूप माना जाता है, उस… Continue reading रविवार का सदुपयोग – अंश : 162 वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 161 वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 161 वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 161 वाँ  आत्मविश्वास, स्वाभिमान और समर्पण:जीवन के तीन अनमोल आधार  उद्धरेदात्मनाऽत्मानं नात्मानमवसादयेत्,आत्मैव ह्यात्मनो बन्धुरात्मैव रिपुरात्मनः। -भगवद्गीता (अध्याय 6, श्लोक 5)(मनुष्य को अपने द्वारा ही अपने को ऊपर उठाना चाहिए, स्वयं को नीचा नहीं गिराना चाहिए, क्योंकि मनुष्य स्वयं… Continue reading रविवार का सदुपयोग – अंश : 161 वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 160 वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 160 वाँ रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 160 वाँ  दीपोत्सव की रोशनी: मां और दादी सा की उज्ज्वल स्मृतियों के नाम दीपज्योतिर्ब्रह्म दीपज्योतिर्जनार्दनः।दीपो हरतु मे पापं सन्ध्या दीप नमोऽस्तुते॥ इस वर्ष दीपावली मेरे लिए केवल एक त्योहार नहीं, बल्कि स्मृतियों का एक दीप बन गई… Continue reading रविवार का सदुपयोग – अंश : 160 वाँ

रविवार का सदुपयोग- अंश : 159 वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 159 वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 159 वाँ  Next Gen GST से खुशहाल हुई दिवाली, धन्यवाद मोदी जी “सर्वे भवन्तु सुखिनःसर्वे सन्तु निरामयाः,सर्वे भद्राणि पश्यन्तुमा कश्चिद्दुःखभाग्भवेत्।” माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने लाल किले की प्राचीर से स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जो… Continue reading रविवार का सदुपयोग- अंश : 159 वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 158 वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 158 वाँ   रविवार का सदुपयोग  साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 158 वाँ  हर घर स्वदेशी, घर-घर स्वदेशी माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत आज आत्मनिर्भरता की दिशा में एक ऐतिहासिक यात्रा पर अग्रसर है। “आत्मनिर्भर भारत” केवल एक नारा नहीं, बल्कि यह… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 158 वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 157 वाँ 

रविवार का सदुपयोग – अंश : 157 वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 157 वाँ  दशहरा : अहंकार की अग्नि और ‘मैं’ का दहन दशहरे का पर्व हर वर्ष हमें एक ही संदेश दोहराकर सुनाता है—असली युद्ध बाहर नहीं, भीतर है। दादाजी अक्सर कहा करते थे, “रावण को किसने मारा?… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 157 वाँ 

रविवार का सदुपयोग-अंश : 156 वाँ 

रविवार का सदुपयोग – अंश : 156 वाँ   रविवार का सदुपयोग   साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास   अंश : 156 वाँ    दादीसा, आपका आशीर्वाद हर पल हमारे साथ है, एक दिन हम ज़रूर फिर मिलेंगे…!   दादीसा, आज जब मैं यह लिख रहा हूँ तो हाथ कांप रहे… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 156 वाँ