रविवार का सदुपयोग-अंश : 189वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 189वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 189वाँ मां के बिना यह मदर्स डे बहुत भावुक करने वाला है…माँ…एक रिक्तता.. जिनकी अनुपस्थिति आज भी भीतर शोर करती है…! “नास्ति मातृसमा छाया, नास्ति मातृसमा गतिः।नास्ति मातृसमं त्राणं, नास्ति मातृसमा प्रिया॥” अर्थात… इस संसार में माँ के समान… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 189वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 188वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 188वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 188वाँ बंगाल की बंपर वोटिंग: बदलाव की लहर…कमल खिलना निश्चित है। पश्चिम बंगाल की राजनीतिक संस्कृति हमेशा से ही देश के लोकतांत्रिक इतिहास में एक विशेष स्थान रखती रही है। यहाँ का मतदाता सजग भी है और सक्रिय… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 188वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 187वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 187वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 187वाँ 27 अप्रैल : भाजपा के सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री नितिन नबीन जी का राजस्थान आगमन पर स्वागत एवं अभिनंदन भारतीय राजनीति के व्यापक परिदृश्य में समय समय पर ऐसे व्यक्तित्व उभरकर सामने आते रहे हैं जो… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 187वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 186वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 186वाँ रविवार का सदुपयोग  साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 186वाँ अक्षय तृतीया: अबूझ मुहूर्त का दिव्य संदेश और भारतीय संस्कृति का अमर उत्सव “अक्षयः पुण्यकालोऽयं दानधर्मप्रवर्धनः।यत्र कृतं शुभं कर्म तदक्षय्यं भवेद् ध्रुवम्॥” भारतीय संस्कृति में कुछ तिथियाँ केवल कैलेंडर की तारीख नहीं होतीं, बल्कि वे जीवन को… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 186वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 185वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 185वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 185वाँ 14 अप्रैल: डॉ. भीमराव आंबेडकर जयंती विशेष….भारतीय संविधान के सूत्रधार बाबासाहेब को नमन!! “मनुष्य महान अपने विचारों से बनता है, न कि जन्म से।”- डॉ. भीमराव रामजी आंबेडकर भारत का इतिहास केवल स्वतंत्रता संग्राम की गाथाओं तक सीमित… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 185वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 184वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 184वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 184वाँ 6 अप्रैल: संघर्ष से शिखर तक… भाजपा के 47 सालों की गौरवगाथा भारत की लोकतांत्रिक परंपरा में कुछ तिथियाँ केवल कैलेंडर का हिस्सा नहीं होतीं, बल्कि वे उत्साह, प्रेरणा और राष्ट्रीय गर्व का प्रतीक बन जाती हैं।… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 184वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 183वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 183वाँ रविवार का सदुपयोग  साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 183वाँ वैश्विक उथल-पुथल के बीच सशक्त कूटनीति और जनकल्याण का संतुलन: मोदी सरकार का निर्णायक नेतृत्व जब विश्व अशांति, अनिश्चितता और तनाव के दौर से गुजर रहा हो, तब किसी भी राष्ट्र के नेतृत्व की वास्तविक परीक्षा… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 183वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 182वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 182वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 182वाँ भगवा जनादेश को तैयार है तमिलनाडु, असम, पुडुचेरी, पश्चिम बंगाल और केरल भारत की लोकतांत्रिक परंपरा में जनादेश केवल चुनावी परिणाम नहीं होता, बल्कि यह जनता के मनोभाव, विश्वास और भविष्य की दिशा का प्रतिबिंब होता है।… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 182वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 181वाँ

रविवार का सदुपयोग–अंश : 181वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 181वाँ हिंदू नववर्ष: भारतीय संस्कृति, नवचेतना और नवआरंभ का पावन पर्व आंग्ल कैलेंडर के अनुसार हमारे नववर्ष 19 मार्च को मनाया जायेगा चैत्रे मासि जगद्ब्रह्मा ससर्ज प्रथमेऽहनि।शुक्लपक्षे समारम्भे तदा सूर्येण संयुते॥ अर्थात् चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि को ब्रह्मा… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 181वाँ

रविवार का सदुपयोग-अंश : 180वाँ

रविवार का सदुपयोग – अंश : 180वाँ  रविवार का सदुपयोग साप्ताहिक सूक्ष्म ब्लॉग | संवाद से परिवर्तन का प्रयास अंश : 180वाँ विश्व कप से बस एक कदम दूर भारत: अहमदाबाद के फाइनल हेतु टीम इंडिया को मंगलकामनाएँ “उद्यमेन हि सिद्ध्यन्ति कार्याणि न मनोरथैः।न हि सुप्तस्य सिंहस्य प्रविशन्ति मुखे मृगाः॥” अर्थात् केवल कल्पनाओं और इच्छाओं से नहीं, बल्कि निरंतर परिश्रम… Continue reading रविवार का सदुपयोग-अंश : 180वाँ